India
डॉ. मोहन ने माताओं और स्वतंत्रता सेनानियों को किया याद
May 10, 2026 Source: Veridhar
मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) के माध्यम से दो महत्वपूर्ण अवसरों पर प्रदेश और देशवासियों को संदेश दिया। उन्होंने एक ओर Mother’s Day के अवसर पर मातृशक्ति को नमन किया, वहीं दूसरी ओर Revolt of 1857 के वीर बलिदानियों को श्रद्धांजलि अर्पित की।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अपने संदेश में कहा कि मां हर व्यक्ति के जीवन की आधारशिला होती हैं। मां न केवल जीवन देती हैं, बल्कि संस्कार, मूल्य और सही-गलत की पहचान भी सिखाती हैं। उन्होंने कहा कि मां के बिना जीवन की कल्पना अधूरी है, क्योंकि वही पहली गुरु होती हैं जो बच्चे को चलना, बोलना और जीवन जीने की दिशा सिखाती हैं। उन्होंने यह भी कहा कि समाज और परिवार के विकास में मातृशक्ति की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है और उनके सम्मान तथा सशक्तिकरण के बिना समग्र विकास संभव नहीं है। मुख्यमंत्री ने सभी माताओं के प्रति सम्मान व्यक्त करते हुए यह कामना की कि हर व्यक्ति पर मां का आशीर्वाद सदैव बना रहे।
इसके साथ ही डॉ. मोहन यादव ने 1857 के स्वतंत्रता संग्राम के वीरों को भी श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि यह संग्राम भारत के इतिहास का एक स्वर्णिम और प्रेरणादायक अध्याय है, जिसने देश में स्वतंत्रता की चेतना को जागृत किया। उन्होंने बताया कि इस क्रांति ने अंग्रेजी शासन के खिलाफ पहली बड़ी जन-आंदोलनात्मक लहर पैदा की, जिसने आगे चलकर आजादी की लड़ाई को नई दिशा दी।
मुख्यमंत्री ने वीर सेनानियों के साहस, बलिदान और देशभक्ति को नमन करते हुए कहा कि रानी लक्ष्मीबाई Rani Lakshmibai, तात्या टोपे और मंगल पांडे जैसे महान क्रांतिकारियों ने मातृभूमि की स्वतंत्रता के लिए अपने प्राणों की आहुति दी। उनका त्याग आज भी देशवासियों को प्रेरित करता है और हमें “राष्ट्र प्रथम” की भावना के साथ कार्य करने की सीख देता है।
डॉ. यादव ने अपने संदेश में यह भी कहा कि इतिहास से प्रेरणा लेकर हमें एक सशक्त और विकसित भारत के निर्माण में योगदान देना चाहिए। मातृशक्ति का सम्मान और देशभक्त वीरों का स्मरण, दोनों ही समाज को सही दिशा देने वाले मूल्य हैं, जिन्हें हमेशा जीवित रखना आवश्यक है।