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एनडीपीएस कानून के तहत सख्ती, बहन की शादी के लिए भी नहीं मिली अंतरिम जमानत

June 28, 2026 Source: Veridhar

एनडीपीएस कानून के तहत सख्ती, बहन की शादी के लिए भी नहीं मिली अंतरिम जमानत
नई दिल्ली। बिहार में अपनी बहन की शादी में शामिल होने के लिए 20 दिन की अंतरिम जमानत मांगने वाले कथित ड्रग्स तस्करी के आरोपी को दिल्ली हाई कोर्ट से राहत नहीं मिली। अदालत ने साफ कहा कि एनडीपीएस (NDPS) कानून के तहत जमानत देने के नियम बेहद सख्त हैं और इस मामले में ऐसी कोई असाधारण परिस्थिति सामने नहीं आई, जिसके आधार पर अंतरिम जमानत दी जा सके। न्यायमूर्ति तेजस करिया की अवकाश पीठ ने याचिका खारिज करते हुए कहा कि आरोपी के खिलाफ वर्ष 2024 में एनडीपीएस अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया था। पुलिस के अनुसार, आरोपी के पास से 40 किलो से अधिक गांजा बरामद हुआ था, जो गंभीर अपराध की श्रेणी में आता है। अदालत ने आरोपी के आपराधिक रिकॉर्ड और भारी मात्रा में मादक पदार्थ की बरामदगी को भी महत्वपूर्ण आधार माना। सुनवाई के दौरान दिल्ली पुलिस ने अंतरिम जमानत का विरोध किया। पुलिस ने अदालत को बताया कि आरोपी आदतन अपराधी है और उसकी बहन की शादी से जुड़ी रस्में निभाने के लिए परिवार में अन्य भाई भी मौजूद हैं। ऐसे में केवल शादी में शामिल होने की इच्छा को जमानत का पर्याप्त आधार नहीं माना जा सकता। हाई कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि एनडीपीएस अधिनियम की धारा 37 के तहत जमानत से जुड़े प्रावधान सामान्य मामलों की तुलना में कहीं अधिक कठोर हैं। अदालत ने स्पष्ट किया कि अंतरिम या नियमित जमानत केवल विशेष और असाधारण परिस्थितियों में ही दी जा सकती है। अदालत ने माना कि याचिकाकर्ता अपनी बहन की शादी के अलावा कोई ऐसा ठोस कारण पेश नहीं कर सका, जिससे उसे अंतरिम जमानत दी जा सके। इसी आधार पर दिल्ली हाई कोर्ट ने उसकी 20 दिन की अंतरिम जमानत की याचिका खारिज कर दी।